बिलासपुर। जिले में अवैध उत्खनन और रेत के अवैध परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन, राजस्व और पुलिस विभाग ने संयुक्त कार्रवाई तेज कर दी है। कलेक्टर के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत अब तक 66 मामलों में FIR दर्ज की जा चुकी है। इन मामलों में आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में कार्रवाई जारी है।
इस अभियान के दौरान ग्राम खैरा डगनिया में अवैध रेत परिवहन के एक मामले में न्यायालय ने दो आरोपियों को एक-एक वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। यह मामला थाना सीपत क्षेत्र का है।
ट्रैक्टर-ट्रॉली से अवैध रेत परिवहन
मामले में ट्रैक्टर-ट्रॉली क्रमांक CG 10 AK 0553 से अवैध रूप से रेत परिवहन किए जाने पर जलेश्वर कश्यप और अमर कुमार केंवट के खिलाफ कार्रवाई की गई थी। प्रकरण की सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश, खान एवं खनिज अधिनियम, बिलासपुर ने दोनों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।
न्यायालय ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2)/3(5) के तहत 1,000 रुपये तथा खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 की धारा 4/21 के तहत 25,000 रुपये अर्थदंड लगाया। इस तरह दोनों पर कुल 26,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
नौ थाना क्षेत्रों में कार्रवाई
जिले में अवैध उत्खनन और परिवहन के खिलाफ अभियान के तहत कोटा, रतनपुर, सीपत, सिविल लाइन, सरकंडा, मस्तूरी, पचपेड़ी, चकरभाठा और हिर्री थाना क्षेत्रों में कार्रवाई की गई है। प्रशासन के अनुसार इन मामलों में दर्ज 66 FIR न्यायालय में प्रक्रियाधीन हैं।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन या परिवहन में संलिप्त पाए जाने पर नियमानुसार वाहन जब्ती, कानूनी कार्रवाई और न्यायालयीन प्रक्रिया का सामना करना पड़ेगा।
जिला प्रशासन की लगातार कार्रवाई से अवैध उत्खनन और परिवहन में शामिल लोगों पर शिकंजा कसता जा रहा है।